आर्क ब्लो
आर्क ब्लो असमान चुंबकीय क्षेत्रों से होता है, जो वेल्डिंग आर्क को बगल में मोड़ देते हैं और पोरसिटी पैदा करते हैं। ऐसा तब होता है जब चुंबकीय क्षेत्र सममित न हो या धातु की ज्यामिति से प्रभावित हो।
भौतिक-रासायनिक क्रियाविधि
आर्क ब्लो असमान चुंबकीय क्षेत्रों से होता है, जो वेल्डिंग आर्क को बगल में मोड़ देते हैं। इस मोड़ के कारण आर्क सीधे वर्कपीस की सतह पर नहीं गिरता, जिससे वेल्ड में पोरसिटी बनती है।
धातुकर्मीय महत्व और वेल्डिंग में जोखिम
असमान चुंबकीय क्षेत्र आर्क ब्लो और इस तरह वेल्ड में पोरसिटी पैदा कर सकते हैं। ये पोरसिटी मटेरियल की ताकत और टफनेस को कम कर सकती हैं और लोड में दरार या फेल होने का कारण बन सकती हैं।
वर्कशॉप प्रैक्टिस और निर्देश
आर्क ब्लो से बचने के लिए चुंबकीय क्षेत्र सममित होना चाहिए और धातु की ज्यामिति को प्रभावित नहीं करना चाहिए। यह मैग्नेट और वेल्डिंग टॉर्च की सावधानीपूर्वक व्यवस्था से हासिल किया जा सकता है। चुंबकीय क्षेत्र और आर्क की स्थिति की नियमित जाँच ज़रूरी है।